मसूरी वन प्रभाग की ओर से सभी प्रदेशवासियों को हरेला पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं
वन क्षेत्राधिकार एवं समस्त स्टाफ, ऋषिकेश वन क्षेत्र_ऋषिकेश, देहरादून वन प्रभाग की ओर से वनाग्नि रोकथाम को लेकर संबंधित अपील द्वारा जारी की गई चेतावनी।
वन विभाग रायपुर रेंज की ओर से जंगलों में लगने वाली आग को लेकर जारी की गई अपील।
जंगलों की आग को लेकर वन प्रभाग मसूरी द्वारा जारी की गई चेतावनी।
जंगलों की आग को लेकर प्रभागीय वनाधिकारी, अपर यमुना वन प्रभाग, बड़कोट द्वारा जारी की गई चेतावनी।
वनों को अग्नि से सुरक्षा हेतु कार्यालय प्रभागीय वनाधिकारी, बद्रीनाथ वन विभाग, गोपेश्वर द्वारा जारी की गई चेतावनी।
बारिश ने खोली व्यवस्थाओं की पोल, पानी से भरे बेसमेंट में नमाज पढ़ने को मजबूर हुए नमाजी
रिपोर्ट सैय्यद शाहनवाज खान
साबरी जामा मस्जिद में जलभराव से मची अव्यवस्था, जुमे की नमाज के दौरान पानी के बीच खड़े रहे अकीदतमंद; स्थायी समाधान की मांग
कलियर। विश्व प्रसिद्ध दरगाह साबिर पाक परिसर स्थित साबरी जामा मस्जिद में शुक्रवार को बारिश ने व्यवस्थाओं की पोल खोलकर रख दी। जुमे की नमाज अदा करने पहुंचे बड़ी संख्या में नमाजियों को उस समय परेशानी का सामना करना पड़ा, जब मस्जिद के बेसमेंट में बारिश का पानी जमा था। ऊपरी हिस्से में जगह कम पड़ने के बाद कई नमाजियों को मजबूरी में पानी से भरे बेसमेंट में जाना पड़ा।
नमाज का वक्त होने के कारण अकीदतमंदों ने पानी के बीच खड़े होकर जुमे की नमाज अदा की। इस दौरान कई नमाजियों के कपड़े और पैर पानी से भीग गए। जलभराव की तस्वीरें और वीडियो सामने आने के बाद मस्जिद की व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
जुमे की नमाज में उमड़ी भारी भीड़
उर्स संपन्न होने के बाद भी दरगाह साबिर पाक में बड़ी संख्या में जायरीन पहुंच रहे हैं। शुक्रवार को जुमे की नमाज के लिए आसपास के क्षेत्रों के साथ-साथ दूर-दराज से भी बड़ी संख्या में नमाजी कलियर पहुंचे।
नमाज के दौरान साबरी जामा मस्जिद का ऊपरी हिस्सा पूरी तरह भर गया। जगह कम होने के चलते कई नमाजियों को बेसमेंट का रुख करना पड़ा। लेकिन बारिश के कारण बेसमेंट में पहले से ही पानी जमा था। पर्याप्त जल निकासी की व्यवस्था नहीं होने के कारण नमाजियों को काफी परेशानी उठानी पड़ी।
हर बारिश में सामने आती है जलभराव की समस्या
स्थानीय लोगों और जायरीनों का कहना है कि बेसमेंट में जलभराव की समस्या नई नहीं है। बारिश होते ही यहां पानी जमा हो जाता है। जुमे की नमाज और विशेष अवसरों पर जब नमाजियों की संख्या बढ़ती है, तो समस्या और गंभीर हो जाती है।
लोगों का सवाल है कि जब दरगाह साबिर पाक में रोजाना बड़ी संख्या में जायरीन पहुंचते हैं और जुमे के दिन भीड़ कई गुना बढ़ जाती है, तो मस्जिद के बेसमेंट में जल निकासी की स्थायी व्यवस्था अब तक क्यों नहीं की गई?
प्रशासन और दरगाह प्रबंधन से स्थायी समाधान की मांग
पानी से भरे बेसमेंट में नमाज अदा करने की तस्वीरें सामने आने के बाद स्थानीय नागरिकों और जायरीनों ने प्रशासन तथा दरगाह प्रबंधन से समस्या का तत्काल संज्ञान लेने की मांग की है।
लोगों की मांग है कि बेसमेंट में जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान कराया जाए। बारिश के पानी की निकासी के लिए प्रभावी ड्रेनेज सिस्टम, पर्याप्त पंप और अन्य जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं, ताकि भविष्य में नमाजियों को पानी के बीच खड़े होकर इबादत करने के लिए मजबूर न होना पड़े।
विश्व प्रसिद्ध दरगाह, फिर व्यवस्थाओं पर सवाल क्यों?
दरगाह साबिर पाक देश ही नहीं बल्कि विदेशों से आने वाले जायरीनों के लिए भी आस्था का प्रमुख केंद्र है। ऐसे में यहां धार्मिक स्थलों की व्यवस्थाएं बेहतर होना बेहद जरूरी है।
अब सवाल यह है कि क्या हर बारिश के बाद जलभराव की समस्या यूं ही बनी रहेगी, या फिर प्रशासन और दरगाह प्रबंधन इस बार इसका स्थायी समाधान करेगा
