मसूरी वन प्रभाग की ओर से सभी प्रदेशवासियों को हरेला पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं
वन क्षेत्राधिकार एवं समस्त स्टाफ, ऋषिकेश वन क्षेत्र_ऋषिकेश, देहरादून वन प्रभाग की ओर से वनाग्नि रोकथाम को लेकर संबंधित अपील द्वारा जारी की गई चेतावनी।
वन विभाग रायपुर रेंज की ओर से जंगलों में लगने वाली आग को लेकर जारी की गई अपील।
जंगलों की आग को लेकर वन प्रभाग मसूरी द्वारा जारी की गई चेतावनी।
जंगलों की आग को लेकर प्रभागीय वनाधिकारी, अपर यमुना वन प्रभाग, बड़कोट द्वारा जारी की गई चेतावनी।
वनों को अग्नि से सुरक्षा हेतु कार्यालय प्रभागीय वनाधिकारी, बद्रीनाथ वन विभाग, गोपेश्वर द्वारा जारी की गई चेतावनी।
देहरादून। उत्तराखंड में रविवार रात दो अलग-अलग हादसों ने कई परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया। राजधानी देहरादून से आई पहली खबर यमुनाॅत्री हाईवे से है। देर रात बशापुर के पास दो बाइक आपस में टकरा गईं। इस भीषण टक्कर में तीन युवकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल हैं। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत नाजुक बनी हुई है। मृतकों की पहचान वेदांश (20), धौनी कश्यप (20) और रमनदीप (17) के रूप में हुई है।
दूसरा हादसा हरिद्वार जिले में हुआ, जहां एक पुराने सेप्टिक टैंक में सफाई के दौरान दम घुटने से दो मजदूरों की मौत हो गई। स्थानीय लोगों की मदद से पुलिस और फायर ब्रिगेड ने कड़ी मशक्कत के बाद शवों को बाहर निकाला। हादसे के बाद क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई और लोगों ने सुरक्षा इंतजामों पर सवाल उठाए।
इन दोनों घटनाओं के बाद प्रशासन ने जांच के आदेश दिए हैं। सड़क हादसे के मामले में पुलिस ने दोनों वाहनों को कब्जे में लेकर दुर्घटना के कारणों की पड़ताल शुरू कर दी है। वहीं सेप्टिक टैंक हादसे पर नगर निगम ने कहा है कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा उपकरणों का अनिवार्य उपयोग कराया जाएगा।
इन हादसों ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोग मांग कर रहे हैं कि प्रशासन सख्त कदम उठाए, ताकि इस तरह के दर्दनाक हादसे दोबारा न हों।
