मसूरी वन प्रभाग की ओर से सभी प्रदेशवासियों को हरेला पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं
वन क्षेत्राधिकार एवं समस्त स्टाफ, ऋषिकेश वन क्षेत्र_ऋषिकेश, देहरादून वन प्रभाग की ओर से वनाग्नि रोकथाम को लेकर संबंधित अपील द्वारा जारी की गई चेतावनी।
वन विभाग रायपुर रेंज की ओर से जंगलों में लगने वाली आग को लेकर जारी की गई अपील।
जंगलों की आग को लेकर वन प्रभाग मसूरी द्वारा जारी की गई चेतावनी।
जंगलों की आग को लेकर प्रभागीय वनाधिकारी, अपर यमुना वन प्रभाग, बड़कोट द्वारा जारी की गई चेतावनी।
वनों को अग्नि से सुरक्षा हेतु कार्यालय प्रभागीय वनाधिकारी, बद्रीनाथ वन विभाग, गोपेश्वर द्वारा जारी की गई चेतावनी।
मुंबई। बॉलीवुड अभिनेता सोनू सूद, जिन्होंने कोरोना काल में अपनी सामाजिक सेवाओं से सुर्खियां बटोरी थीं, अब विवादों में घिरते नजर आ रहे हैं। आयकर विभाग की ओर से उनके ठिकानों पर की गई हालिया छापेमारी में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं।
सूत्रों के अनुसार, सोनू सूद फाउंडेशन ने जुलाई 2020 से अप्रैल 2021 तक दान के नाम पर लगभग 18.94 करोड़ रुपये का चंदा जुटाया। हैरानी की बात यह है कि इसमें से मात्र 1.9 करोड़ रुपये ही खर्च किए गए, जबकि बाकी की राशि संस्था के खाते में जमा पाई गई। विभाग का दावा है कि यह लेनदेन पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
आयकर अधिकारियों का कहना है कि जांच में लखनऊ की एक इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी से जुड़े 175 करोड़ रुपये के संदिग्ध सौदों और 65 करोड़ रुपये की अनियमितताओं का भी खुलासा हुआ है। इसके अलावा, विदेशी अंशदान विनियमन अधिनियम (FCRA) के उल्लंघन की आशंका भी जताई गई है।
छापेमारी के दौरान विभाग ने 1.8 करोड़ रुपये नकद जब्त किए और सोनू सूद से जुड़े 11 बैंक लॉकर भी सील कर दिए। अधिकारियों ने यह भी बताया कि टैक्स चोरी को छिपाने के लिए कुछ खातों में फर्जी एंट्रियां और संदिग्ध लोन का जाल बिछाया गया था।
फिलहाल, आयकर विभाग इस मामले में और गहन जांच कर रहा है। वहीं, अभिनेता सोनू सूद की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
