मसूरी वन प्रभाग की ओर से सभी प्रदेशवासियों को हरेला पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं
वन क्षेत्राधिकार एवं समस्त स्टाफ, ऋषिकेश वन क्षेत्र_ऋषिकेश, देहरादून वन प्रभाग की ओर से वनाग्नि रोकथाम को लेकर संबंधित अपील द्वारा जारी की गई चेतावनी।
वन विभाग रायपुर रेंज की ओर से जंगलों में लगने वाली आग को लेकर जारी की गई अपील।
जंगलों की आग को लेकर वन प्रभाग मसूरी द्वारा जारी की गई चेतावनी।
जंगलों की आग को लेकर प्रभागीय वनाधिकारी, अपर यमुना वन प्रभाग, बड़कोट द्वारा जारी की गई चेतावनी।
वनों को अग्नि से सुरक्षा हेतु कार्यालय प्रभागीय वनाधिकारी, बद्रीनाथ वन विभाग, गोपेश्वर द्वारा जारी की गई चेतावनी।
देहरादून। सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति की मदद कर उसे अस्पताल पहुंचाने वाले नेक राहगीरों को अब ₹25,000 की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। वहीं, सड़क हादसे में घायल व्यक्ति को ₹1.50 लाख तक का कैशलेस और मुफ्त आपातकालीन उपचार उपलब्ध कराया जाएगा।
देहरादून के सर्वे चौक स्थित आईआरडीटी ऑडिटोरियम में आयोजित सड़क सुरक्षा एवं आपातकालीन उपचार संगोष्ठी में कैबिनेट मंत्री खजान दास और जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने इस व्यवस्था की जानकारी दी।
योजना का उद्देश्य सड़क हादसों में घायलों को समय पर अस्पताल पहुंचाना और लोगों के मन से पुलिस कार्रवाई के डर को दूर करना है। दुर्घटना के बाद पहले 60 मिनट यानी गोल्डन आवर में घायल को अस्पताल पहुंचाना बेहद महत्वपूर्ण होता है।
योजना के तहत उत्कृष्ट कार्य करने वाले चुनिंदा राह-वीरों को राष्ट्रीय स्तर पर ₹1 लाख का नकद पुरस्कार, ट्रॉफी और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित भी किया जाएगा।
जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने सरकारी और निजी अस्पतालों को निर्देश दिए कि सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्तियों का पंजीकरण बिना अनावश्यक देरी के किया जाए और उनका उपचार तुरंत शुरू किया जाए।
दुर्घटना की सूचना और उपचार व्यवस्था को तेज बनाने के लिए आपातकालीन नंबर 112, पुलिस के ई-डीएआर और नेशनल हेल्थ अथॉरिटी के टीएमएस 2.0 सिस्टम के बीच समन्वय स्थापित किया जाएगा।
संगोष्ठी में परिवहन महानिदेशक अनिल गर्व्याल, शिक्षा निदेशक खड़क सिंह दत्ताल, संयुक्त परिवहन आयुक्त राजीव कुमार मेहरा, अपर जिलाधिकारी स्मृता परमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मुकेश कुमार शर्मा और आरटीओ अनिता चमोला सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
